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उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने आर्किटेक्ट एवं ड्राफ्टमैन एसोसिएशन, मैप सेल व वरिष्ठ अधिकारियों के साथ कि महत्वपूर्ण बैठक

गर्मी का प्रकोप एक बार फिर देहरादून शहर में तेजी से देखने को मिल रहा है। ऐसे में हरियाली, भूजल स्तर में सुधार इत्यादि के मद्देनजर मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं।

इसी क्रम में शनिवार को प्राधिकरण उपाध्यक्ष महोदय श्री बंशीधर तिवारी द्वारा आर्किटेक्ट एवं ड्राफ्टमैन एसोसिएशन, मैप सेल व वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई। बैठक में उपाध्यक्ष महोदय द्वारा विभिन्न बिंदुओं पर जरूरी दिशा निर्देश जारी किए गए।

उपाध्यक्ष महोदय ने कहा कि प्रायः यह देखने में आता है कि प्राधिकरण द्वारा जो नक्शे पास किये जा रहे हैं, उनमें नक्शे में तो रेन वॉटर हार्वेस्टिंग का प्रावधान नजर आता है लेकिन मौके पर कई लोगों के द्वारा इस नियम का पालन नहीं किया जा रहा है। उन्होंने आर्किटेक्ट एवं ड्राफ्टमैन एसोसिएशन से अपेक्षा की वे इस दिशा में लोगों को जागरूक करने का काम करें ताकि भूजल के स्तर को गिरने से रोका जा सके। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित कराया जाए कि लोग रेन वॉटर हार्वेस्टिंग के साथ रिचार्ज पिट अनिवार्य रूप से बनाएं ताकि भूजल में अपेक्षित सुधार आ सके।
उपाध्यक्ष महोदय ने यह भी अपेक्षा की की जो भी नए प्रोजेक्ट्स बन रहे हैं वहां पर हरियाली का विशेष ध्यान रखा जाये और ज्यादा से ज्यादा फलदार एवं छाया वाले पौधे वहां लगाए जाएं। साथ ही इस तरह के प्रोजेक्ट्स में स्ट्रीट लाइट व अन्य बिजली उपकरणों के लिए सोलर एनर्जी का ज्यादा से ज्यादा उपयोग किया जाए ताकि ऊर्जा संरक्षण का कार्य भी हो सके।
उपाध्यक्ष महोदय ने कहा कि जिन लोगों द्वारा नवीन भवनों का निर्माण किया जा रहा है, उन्हें भवन में अधिक से अधिक ओपन एरिया छोड़ने एवं इंटर लॉकिंग टाइल्स के उपयोग हेतू प्रोत्साहित किया जाए। इससे भी भू-जल संरक्षण में मदद मिलेगी। उपाध्यक्ष महोदय द्वारा बताया गया कि प्राधिकरण द्वारा जहां कहीं भी सड़क व नाली निर्माण किउल जा रहा है वहां पर वर्तमान में दोनों साइड पर इसी मंशा के साथ सड़क को किनारे से कच्चा छोड़ा जा रहा है ताकि बरसात के समय में इनके जरिए भूजल रिचार्ज हो सके।

*नो मैन्स लैंड पर किया जाए पौधरोपण*

बैठक में उपाध्यक्ष महोदय द्वारा विभिन्न बिल्डर्स, आर्किटेक्ट से यह भी सहयोग की अपेक्षा की गई कि वे नो मेंस लैंड(ऐसी जमीनें जो खाली पड़ी) हैं उन पर पौधरोपण किया जाए। साथ ही आर्किटेक्ट को उनके द्वारा यह भी सुझाव दिया गया कि वे होटल, स्कूल, ग्रुप हाउसिंग आदि में साउथ फेसिंग दीवार को उस्मा रोधी तरह से डिज़ाइन करें। बैठक में सचिव श्री मोहन सिंह बर्निया, जॉइंट सेक्रेटरी श्री गौरव चटवाल, चीफ इंजीनियर एससी राणा सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।

*ग्रीन बिल्डिंग के मानकों का हो सख्ती से पालन*

उपाध्यक्ष महोदय ने कहा कि प्राधिकरण द्वारा शहर में जितनी भी ग्रीन बिल्डिंग पास की गई है उन्हें एफएआर में विशेष छूट दी जाती है। उन्होंने कहा कि ग्रीन बिल्डिंग्स में मानकों का पालन हर हाल में सुनिश्चित कराया जाए। इसके लिए उन्होंने संबंधित विभागों से भी समन्वय बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रीन बिल्डिंग के मानकों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

*आर्किटेक्टस से लिये सुझाव*

बैठक में उपाध्यक्ष महोदय द्वारा आर्किटेक्ट एवं ड्राफ्टमैन से सुझाव मांगे गए जिस पर उनके द्वारा लेबर सेस को अत्यधिक बताते हुए इसमें रियायत की मांग की गई। साथ ही नक्शा स्वीकृति के उपरांत लिए जाने वाले विकास शुल्क सहित लेबर सेस व अन्य शुल्क भी एक साथ लिए जाने की मांग की गई जिस पर उपाध्यक्ष महोदय ने इस मामले में शासन से वार्ता उपरांत संशोधन किए जाने का भरोसा दिलाया।

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By admin

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